रक्षाबंधन से पहले खाद्य विभाग की छापेमारी, अंबिकापुर के थोक बाजारों में औचक जांच

वेफर्स का सैंपल जांच के लिए भेजा, त्योहार तक जारी रहेगी खाद्य प्रतिष्ठानों की निगरानी
अंबिकापुर। रक्षाबंधन पर्व को देखते हुए खाद्य एवं औषधि प्रशासन ने अंबिकापुर में खाद्य प्रतिष्ठानों के खिलाफ जांच अभियान तेज कर दिया है। मिलावट, घटिया गुणवत्ता और असुरक्षित खाद्य पदार्थों की बिक्री पर रोक लगाने के लिए विभाग की टीम ने शहर के थोक खाद्य एवं मिठाई बाजारों का औचक निरीक्षण किया।
यह कार्रवाई राज्यभर में चलाए जा रहे ‘बने खाबो-बने रहिबो 2.0’ सघन खाद्य सुरक्षा प्रवर्तन एवं जन-जागरूकता अभियान के तहत की गई। अभियान 17 अगस्त से 23 अगस्त 2026 तक सात दिनों तक संचालित किया जा रहा है।

थोक खाद्य और मिठाई बाजारों की जांच
अभियान के पहले दिन 17 अगस्त को नियंत्रक, खाद्य एवं औषधि प्रशासन और कलेक्टर के निर्देश तथा अभिहित अधिकारी, सरगुजा के मार्गदर्शन में खाद्य सुरक्षा अधिकारियों की टीम ने अंबिकापुर के विभिन्न थोक खाद्य एवं मिठाई बाजारों का निरीक्षण किया।
इस दौरान दुकानों में खाद्य पदार्थों के रखरखाव, भंडारण की व्यवस्था और बिक्री की स्थिति का जायजा लिया गया। अधिकारियों ने प्रतिष्ठान संचालकों को खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता और सुरक्षित भंडारण को लेकर आवश्यक सावधानियां बरतने के निर्देश भी दिए।

वेफर्स का नमूना जांच के लिए भेजा
निरीक्षण के दौरान टीम ने वेफर्स का एक नमूना संकलित किया। इसे खाद्य परीक्षण प्रयोगशाला में जांच के लिए भेजा गया है। अब प्रयोगशाला से प्राप्त होने वाली रिपोर्ट के आधार पर खाद्य सुरक्षा मानकों के अनुरूप आगे की कार्रवाई की जाएगी।
विभाग की नजर खासतौर पर खाद्य पदार्थों में मिलावट, मिथ्याछाप, भ्रामक प्रस्तुतीकरण, असुरक्षित खाद्य सामग्री तथा प्रतिबंधित एनालॉग डेयरी उत्पादों के निर्माण, वितरण और बिक्री पर है।
23 अगस्त तक चलेगा अभियान
खाद्य एवं औषधि प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि त्योहारी सीजन के मद्देनजर आने वाले दिनों में भी खाद्य प्रतिष्ठानों का निरीक्षण जारी रहेगा। साथ ही संदिग्ध खाद्य पदार्थों के नमूने लेकर उनकी प्रयोगशाला जांच कराई जाएगी।
विभाग का उद्देश्य रक्षाबंधन समेत आगामी त्योहारों के दौरान लोगों को सुरक्षित, गुणवत्तापूर्ण और मानक खाद्य पदार्थ उपलब्ध कराना तथा खाद्य पदार्थों में मिलावट के मामलों पर प्रभावी नियंत्रण स्थापित करना है।







